Thursday, 9 April 2015

'अगर लड़की आचार की बोतल लेकर खड़ी हो जाए तो बिक्री बढ़ जाती है'

बुधवार को प्रधानमंत्री मोदी ने मुद्रा बैंक का उदघाटन किया। मुद्रा बैंक के उदघाटन के दौरान प्रधानमंत्री द्वारा दिये गए भाषण पर कुछ लोगो ने रोष प्रकट किया। प्रधानमंत्री ने भाषण मे कहा था कि किसान यदि आम बेचे तो पैसा मिलता है; आम का अचार बनाकर बेचे तो और ज्यादा पैसा मिलता है; अचार को बोतल में बंद करके बेचे तो और ज्यादा पैसा मिलता है और अगर लड़की अचार की बोतल लेकर खड़ी हो जाए तो बिक्री और ज्यादा बढ़ जाती है। 

[Source : http://navbharattimes.indiatimes.com/india/row-over-pm-narendra-modi-speech-on-girl-should-sell-pickle/articleshow/46852950.cms ]

'अगर लड़की आचार की बोतल लेकर खड़ी हो जाए तो बिक्री बढ़ जाती है'  प्रधानमंत्री के इस बयान से नाराज़ लोगो ने  इस पर क्या टिप्पणी की आइये जानते हैं : 

प्रधानमंत्री जी ने जिस तरह का बयान दिया है उस पर विवाद होना स्वभाविक ही है । - Manoj Kumar

यह पी. एम. की कैसी अभद्र भाषा है ? क्या हमारी संस्कृति इतनी गिर गयी है और हमारा संस्कार इतना बगैरत हो गया है ? कोई है जो मोदीजी की इस भाषा का मुँहतोड़ जवाब दे सके ? यदि सही में पी. एम. मोदीजी ने ऐसा कहा है तो यह घोर निन्दीय है ! - Amit Singh, Mumbai, Maharashtra

भाई साहब इतने जोश मे मत आइये !यह सिर्फ समझ का फर्क है, जिसे जिस नजर से देखना है वह उसे उसी नजर से देख रहे है ! जरा सोचिये, दूध के विज्ञापन में बच्चो को क्यो दिखाया जाता है ? साड़ी के विज्ञापन मे क्या पुरुष को दिखाया जाय? फैक्ट्रीओं  से पहले क्या आपके घर मे अचार दादाजी, नानाजी या पिताजी तैयार करते थे? नही ना? आज भी हमे अपनी माँ, नानी या दादी के हाथ के अचार की याद है! मोदी ने कुछ गलत नही कहा है, लेकिन दूध मे काला ढूंढने वाले लोग जो आजकल बिल्कुल फ्री बेठे है वही शब्दो मे कोमा, फूल स्टॉप ढूंढ रहे है, उन्हे सिर्फ विवाद से मतलब है, देश जनता या जनता की भावनाययें जाय भाड़ मे ! अगर आप गलत है तो गलत सोचेंगे, लोग तो कीचड को देख कर भी कमल ढूंढने की कोशिश करते है! आपकी मर्जी कि आपको क्या बनना है! कोयले की कालिख ढूंढने वाला या कोयले मे हीरा ढूंढनेवाला? - Deepak Dixit, Jaipur, Rajasthan

मोदी जी के कहे को गलत ना समझ कर इसे व्यवहारिक बात समझे तो शायद अच्छा होगा और एक सही दिशा में कारगर कदम उठा सकते हैं| आजकल सेल्स गर्ल का प्रचलन कितना बड़ गया है यह इसका एक प्रमाण है| - Sunil Mehrotra, Lucknow

No comments:

Post a Comment